बघवारी में बिजली विभाग के खिलाफ फूटा जनआक्रोश, 55 गांवों में घर-घर पहुंचकर आंदोलन की तैयारी
बघवारी से बिगुल: बिजली विभाग के खिलाफ 55 गांवों में ‘जनक्रांति’ की तैयारी

सीधी | कुबेर तोमर
सीधी जिले के बघवारी ग्राम पंचायत में बिजली विभाग की कथित मनमानी के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा अब खुलकर सड़कों पर उतरने की तैयारी में है। आयोजित बैठक में सैकड़ों ग्रामीणों ने बढ़ते बिजली बिल, गलत मीटर रीडिंग और विभागीय लापरवाही के खिलाफ एकजुट होकर तीखा विरोध दर्ज कराया।
बैठक में वक्ताओं ने दो टूक कहा कि गरीब और मेहनतकश लोगों पर थोपे जा रहे मनमाने बिजली बिल अब किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किए जाएंगे। “रोको-टोको-ठोको क्रांतिकारी मोर्चा” के संयोजक उमेश तिवारी ने चेतावनी भरे लहजे में कहा—
“अगर जल्द सुधार नहीं हुआ, तो यह आंदोलन पूरे जिले में बड़ा रूप लेगा और जिम्मेदारों को जवाब देना पड़ेगा।”
55 गांवों में घर-घर पहुंचेगा आंदोलन
बैठक का सबसे बड़ा फैसला रहा कि डीसी क्षेत्र के 55 गांवों में संगठित टोलियां बनाई जाएंगी, जो सीधे बिजली उपभोक्ताओं से संपर्क करेंगी।
ये टोलियां:
घर-घर जाकर समस्याएं दर्ज करेंगी
गलत बिलिंग और मीटर गड़बड़ी के प्रमाण जुटाएंगी
लोगों को आंदोलन से जोड़ेंगी
हर गांव में बनेगी कमेटी, बढ़ेगा दबाव
आंदोलन को मजबूत बनाने के लिए प्रत्येक गांव में स्थानीय समितियां बनाई जाएंगी, जिससे यह विरोध अब एक बड़े जनआंदोलन का रूप ले सके।
चरणबद्ध संघर्ष का ऐलान
रणनीति के तहत आंदोलन को चरणों में आगे बढ़ाया जाएगा:
जनजागरण अभियान
धरना-प्रदर्शन
जरूरत पड़ने पर उग्र जनआंदोलन
ग्रामीणों ने एक स्वर में साफ कर दिया—
“जब तक बिजली व्यवस्था में सुधार, बिलों में पारदर्शिता और उपभोक्ताओं को राहत नहीं मिलेगी, तब तक यह लड़ाई जारी रहेगी।”
अगली बैठक में बड़ा फैसला
बताया गया कि सभी गांवों में संपर्क अभियान पूरा होते ही अगली बैठक में आंदोलन की विस्तृत रणनीति और बड़े कार्यक्रम की घोषणा की जाएगी।






